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अंबाला

उदमपुर एक्सप्रेस का वाटर पंप खराब होने के चलते पानी को लेकर हाहाकार मच गया।

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इलाहाबाद से उदमपुर एक्सप्रेस का वाटर पंप खराब होने के चलते पानी को लेकर हाहाकार मच गया। यात्रियों को कानपुर से अंबाला तक कहीं भी समस्या का समाधान होते नहीं दिखा तो छावनी स्टेशन पर पहले ट्रेन में हंगामा किया। कोई समाधान नहीं होता दिखा तो प्लेटफार्म नंबर छह पर उतरकर रेलवे के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।

ट्रेन सुबह 8 बजकर 11 मिनट पर पहुंची थी। जैसे ही आरपीएफ व रेलवे अधिकारियों को इसकी भनक लगी तो आनन-फानन में मौके पर पहुंचे और पानी भरा। तब भी पानी नहीं पहुंचा तो पता चला कि ट्रेन के वाटर पंप में तकनीकी खराबी आ गई थी। आखिर में मैकेनिक स्टाफ को गाड़ी में रवाना करने के बाद यात्रियों के गुस्से को शांत करवाया और ट्रेन को रवाना किया। छावनी स्टेशन पर ट्रेन का ठहराव केवल 10 मिनट का था, लेकिन वह अपने निर्धारित समय की दूरी से रवाना हुई। हालांकि कुछ यात्री अमरनाथ यात्रा पर जा रहे थे। उनका कहना था कि 12 घंटे से पानी को तरस रहे हैं। बार-बार टीटीई व रेलवे स्टाफ को कहने के बावजूद भी समाधान नहीं हुआ।

उदमपुर एक्सप्रेस में शौचालय के लिए न हाथ धोने को पानी, हंगामा Panipat News

कानपुर से पानी का संकट झेल रहे थे यात्री
इलाहाबाद से जम्मू जा रहे राजेंद्र, मनीष, सुनील, शरद का कहना था कि 10 जुलाई को इलाहाबाद से जम्मू जाने के लिए रवाना हुए थे। कानपुर के पास पहुंचे तो ट्रेन में पानी की खत्म हो गया। शौचालय ना ही हाथ धोने तक का पानी था। टीटीई को भी गाड़ियों की बोगियों में पानी उपलब्ध करवाने के बोल भी दिया था। फिर भी अगले स्टेशन पर पानी उपलब्ध नहीं करवाया गया।

सहारनपुर में भी नहीं मिला समाधान
अंबाला तक पहुंचने से पहले सहारनपुर में पानी उपलब्ध होने की उम्मीद जगी थी। वहां गाड़ी का स्टाफ तो बदल गया लेकिन किसी ने भी पानी की किल्लत का समाधान करना उचित नहीं समझा। आखिर में अंबाला स्टेशन पर उन्हें उतरकर विरोध करना पड़ा। उनका कहना था कि सात घंटे का ओर सफर तय करना है और बिना पानी के सफर करना मुमकिन नहीं है। रेलवे अधिकारियों ने यात्रियों को आश्वासन दिया कि पानी भर दिया गया है लेकिन मोटर में खराबी आने के कारण पानी नहीं चढ़ रहा था। उसे भी दुरुस्त कर दिया गया है।

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