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तैयार की सुरक्षा एजेंसियों ने रिपोर्ट, धारा 370 हटने के बाद कश्मीर में आए इस तरह के परिवर्तन

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तैयार की सुरक्षा एजेंसियों ने रिपोर्ट, धारा 370 हटने के बाद कश्मीर में आए इस तरह के परिवर्तन

 

पिछले साल 5 अगस्त को जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटा दिया गया था और इस अनुच्छेद को हटाने के बाद यहां क्या सुधार हुए हैं, इस बारे में एक रिपोर्ट बनाई गई है। इस रिपोर्ट में कहा गया है कि इस राज्य से अनुच्छेद 370 हटाने का फैसला बिल्कुल सही साबित हुआ है और इन लेखों को हटाने से आतंकवादी घटनाओं में बहुत कमी आई है। यह रिपोर्ट सुरक्षा एजेंसियों ने दी है।

पत्थरवाह की घटनाएं कम थीं

सुरक्षा एजेंसियों की रिपोर्ट के मुताबिक पिछले साल की तुलना में आतंकी घटनाओं में काफी कमी आई है और यहां पत्थरबाजी की घटनाओं में भी कमी आई है। रिपोर्ट के मुताबिक, इस साल जनवरी से जून तक पत्थरबाजी की सिर्फ 40 घटनाएं सामने आई हैं। जबकि वर्ष 2019 में कुल 666 बार पत्थर दागे गए। जबकि 2018 में पत्थरबाजी के कुल 851 मामले सामने आए थे।

कोरोना भी प्रभावित
इस रिपोर्ट में कोरोना वायरस का भी जिक्र किया गया है और कहा गया है कि हिंसा की कमियों के लिए सुरक्षा बलों के बेहतर हथकंडे जिम्मेदार हैं। हालांकि कोरोना संक्रमण के कारण कश्मीर में हिंसा में कमी आई है।

सुरक्षा एजेंसियों की रिपोर्ट में कश्मीरी युवाओं के बारे में लिखा गया है कि कश्मीरी युवाओं के उग्रवादी गुटों में शामिल होने के मामलों में कमी आई है। इस साल जनवरी से जून तक कुल 68 युवा आतंकी संगठनों में शामिल हुए हैं। जबकि पिछले साल यह संख्या 120 के करीब थी। आतंकी संगठनों में स्थानीय युवाओं की संलिप्तता में 40 फीसद की कमी आई है।

काफी उग्रवादी मारे गए
अनुच्छेद 370 को हटाए जाने के बाद से घाटी में सुरक्षा बलों को ताकत मिली है और घाटी में मौजूद आतंकी मारे गए हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि इस साल जनवरी से 27 जुलाई तक कुल 141 आतंकी मारे गए हैं। इनमें ज्यादातर हिजबुल आतंकी हैं। मारे गए 141 आतंकियों में से 57 आतंकी हिजबुल के थे। इसके साथ ही पिछले साल सुरक्षाबलों ने 151 आतंकियों को मार गिराया था। इसमें हिजबुल के 46 आतंकी थे।

 

दक्षिणी कश्मीर के बारे में चिंता व्यक्त की
रिपोर्ट में दक्षिणी कश्मीर को लेकर चिंताएं जताई गई हैं और लिखा गया है कि यह जगह अभी भी आतंकियों का गढ़ है। इस साल मारे गए 141 आतंकियों में से सबसे ज्यादा शोपियां के थे। इस जगह के 36 आतंकियों को ढेर कर दिया गया है। इसके बाद पुलवामा के 37 आतंकी और कुलगाम के 21 आतंकी मारे गए हैं। पिछले साल पुलवामा में कुल 43, शोपियां में 39 और अनंतनाग में 15 आतंकी मारे गए थे।

 

300 लोग गिरफ्तार

इस साल सुरक्षा बलों ने कई बड़े आतंकियों का सफाया किया है। इनमें कमांडर रिया नायकू, लश्कर कमांडर हैदर, जैश कमांडर कारी यासिर और अंसार गजवत-उल-हिंद का बुरहान कोका शामिल है। इसके अलावा 22 आतंकी और करीब 300 मददगारों को गिरफ्तार किया गया है। सेना ने इस साल 22 आतंकी ठिकानों का पता लगाया है। १९० हथियार पकड़े गए हैं, जिनमें ज्यादातर एके-47 हैं ।

 

गौरतलब है कि जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटा दिया गया था।