पानीपत के प्रतिष्ठित आईबी पीजी कॉलेज में मंगलवार को विज्ञान के विद्यार्थियों के बौद्धिक कौशल को निखारने के लिए विशेष शैक्षणिक गतिविधियों का दौर देखने को मिला। भौतिकी और रसायन विज्ञान विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इन प्रतियोगिताओं में बीएससी के छात्र-छात्राओं ने पूरे उत्साह के साथ अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। इस दौरान युवाओं ने विज्ञान के आधुनिक आविष्कारों और पेचीदा सिद्धांतों को बेहद सरल एवं रोचक अंदाज में मंच पर पेश किया, जिसे देखकर वहां मौजूद शिक्षक भी अचंभित रह गए।
शैक्षणिक सत्र को अधिक रचनात्मक बनाने के उद्देश्य से आयोजित इस कार्यक्रम के तहत भौतिकी विभाग की ओर से 'भौतिकी में अभिनव खोजें' विषय पर भाषण प्रतियोगिता का मंच सजाया गया। इसमें प्रतिभागियों ने विज्ञान की दुनिया में हो रहे नित नए बदलावों और आधुनिक अनुसंधानों पर अपने विचार खुलकर रखे। दूसरी तरफ, रसायन विज्ञान विभाग द्वारा 'केम-कैनवस' शीर्षक के तहत पोस्टर प्रस्तुति प्रतियोगिता कराई गई, जिसमें छात्र-छात्राओं ने रंगों और चित्रों के माध्यम से विज्ञान की जटिल अवधारणाओं को कागज पर जीवंत कर दिया।
प्रतिभाशाली विद्यार्थियों ने हासिल किए श्रेष्ठ स्थान
दिनभर चली इन दोनों प्रतियोगिताओं में कड़ा मुकाबला देखने को मिला, जहां मूल्यांकनकर्ताओं के लिए विजेताओं का चयन करना चुनौतीपूर्ण साबित हुआ। भौतिकी भाषण प्रतियोगिता में नैन्सी ने अपनी उत्कृष्ट वक्ता शैली के दम पर प्रथम स्थान अपने नाम किया। वहीं, तमन्ना ने दूसरा स्थान हासिल किया जबकि अक्षय और अमन ने संयुक्त रूप से तीसरा स्थान प्राप्त कर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया।
रसायन विज्ञान की पोस्टर प्रस्तुति स्पर्धा में प्राची की कलात्मक और ज्ञानवर्धक कृति को पहला स्थान मिला। दीक्षा ने दूसरा और नैन्सी ने तीसरा स्थान प्राप्त किया, जबकि जानवी और साक्षी को उनके बेहतरीन प्रयासों के लिए सांत्वना पुरस्कार से सम्मानित किया गया। इस पूरी प्रतियोगिता के दौरान विज्ञान संकाय के विद्यार्थियों में अभूतपूर्व ऊर्जा और सीखने की ललक साफ तौर पर दिखाई दे रही थी।
| प्रतियोगिता का नाम | विषय | प्रथम स्थान | द्वितीय स्थान | तृतीय स्थान |
|---|---|---|---|---|
| डिक्लेमेशन (भाषण) | भौतिकी में अभिनव खोजें | नैन्सी | तमन्ना | अक्षय व अमन (संयुक्त) |
| पोस्टर प्रस्तुति | केम-कैनवस (रसायन विज्ञान) | प्राची | दीक्षा | नैन्सी |
वैज्ञानिक दृष्टिकोण से ही संभव है विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास
कार्यक्रम के समापन सत्र को संबोधित करते हुए कॉलेज के प्राचार्य डॉ. सतवीर सिंह ने कहा कि किताबी ज्ञान के साथ-साथ इस तरह की रचनात्मक गतिविधियां विद्यार्थियों के बौद्धिक और मानसिक विकास के लिए बेहद आवश्यक हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि ऐसे मंच युवाओं में वैज्ञानिक सोच को विकसित करते हैं और उन्हें भविष्य की बड़ी चुनौतियों का सामना करने के लिए मानसिक रूप से तैयार करते हैं। प्राचार्य ने सभी विजेता विद्यार्थियों की पीठ थपथपाई और उन्हें आगे भी इसी प्रकार की शैक्षणिक प्रतियोगिताओं में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने का आह्वान किया।
इस आयोजन को सफल बनाने में कॉलेज के शिक्षक वर्ग की भूमिका भी सराहनीय रही। इस अवसर पर भौतिकी विभागाध्यक्ष प्रो. सोनिया के साथ-साथ डॉ. चेतना नरूला, डॉ. वसुंधरा मदान और प्रो. सुमित भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने सभी प्रतिभागियों का मार्गदर्शन किया और उनका उत्साहवर्धन किया। कॉलेज प्रबंधन का यह प्रयास स्थानीय स्तर पर विज्ञान शिक्षा को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
"इस प्रकार की रचनात्मक गतिविधियां विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास और उनमें वैज्ञानिक दृष्टिकोण को बढ़ावा देने में अत्यधिक सहायक होती हैं। छात्रों को भविष्य की स्पर्धाओं के लिए हमेशा तैयार रहना चाहिए।" - डॉ. सतवीर सिंह, प्राचार्य, आईबी पीजी कॉलेज
स्थानीय शिक्षण संस्थानों और युवाओं पर प्रभाव
पानीपत जिले के शैक्षणिक परिदृश्य में इस तरह के आयोजनों का विशेष महत्व है। इस प्रकार की स्पर्धाएं न केवल स्थानीय महाविद्यालयों के विद्यार्थियों में प्रतिस्पर्धा की स्वस्थ भावना जगाती हैं, बल्कि उन्हेंताकिताबी दुनिया से बाहर निकलकर व्यावहारिक ज्ञान हासिल करने के लिए भी प्रेरित करती हैं। शहर के युवाओं के लिए यह एक बेहतरीन मंच साबित हो रहा है जहां वे अपनी झिझक मिटाकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकते हैं और भविष्य के वैज्ञानिक या शोधकर्ता बनने की दिशा में कदम बढ़ा सकते हैं।




