हरियाणा प्रदेश के गठन के गौरवशाली साठ वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में ऐतिहासिक उत्सव मनाने की तैयारियां जोरों पर हैं। इसी कड़ी में औद्योगिक नगरी पानीपत के प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थान आर्य पीजी कॉलेज के विशाल ऑडिटोरियम में आगामी एक नवंबर को भव्य जिला स्तरीय हीरक जयंती समारोह का आयोजन किया जाएगा। इस विशेष अनुष्ठान का मुख्य उद्देश्य प्रदेश की छह दशकों की लंबी विकास यात्रा, अनगिनत ऐतिहासिक उपलब्धियों और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को आम जनमानस के बीच जीवंत करना है। कार्यक्रम का आगाज सुबह ठीक नौ बजे होगा, जिसमें जिलेभर के गणमान्य नागरिकों, विद्यार्थियों और प्रशासनिक अधिकारियों की उपस्थिति दर्ज की जाएगी।
समारोह के सफल और व्यवस्थित संचालन को लेकर प्रशासनिक मशीनरी पूरी तरह से मुस्तैद नजर आ रही है। जिला सचिवालय में आयोजित एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान तमाम व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लिया गया। उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि इस ऐतिहासिक पल का गवाह बनने के लिए जिले के प्रत्येक कोने से नागरिकों को आमंत्रित किया गया है ताकि वे प्रदेश की इस सांस्कृतिक व विकास यात्रा का हिस्सा बन सकें। कार्यक्रम स्थल पर सुरक्षा, बैठने की उचित व्यवस्था, पेयजल और आगंतुकों के स्वागत के लिए विशेष टीमों का गठन कर दिया गया है ताकि किसी भी प्रकार की असुविधा से बचा जा सके।
कुरुक्षेत्र के राज्य स्तरीय मुख्य समारोह से जुड़ेगा सीधा प्रसारण
इस भव्य आयोजन की सबसे बड़ी विशेषता यह होगी कि पानीपत में आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम के दौरान कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के पावन प्रांगण में चल रहे मुख्य राज्य स्तरीय समारोह का सीधा प्रसारण बड़ी स्क्रीन पर दिखाया जाएगा। इस दौरान देश की महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू कुरुक्षेत्र की पावन भूमि से पूरे प्रदेशवासियों को अपना विशेष प्रेरणादायी संदेश देंगी। राष्ट्रपति के इस संदेश को सुनने के लिए आर्य कॉलेज ऑडिटोरियम में आधुनिक तकनीक से लैस एलईडी स्क्रीन्स की व्यवस्था की जा रही है, ताकि पीछे बैठे दर्शक भी इस पल का स्पष्ट आनंद ले सकें।
सांस्कृतिक और ऐतिहासिक गरिमा से परिपूर्ण इस आयोजन में हरियाणा की लोक संस्कृति, पारंपरिक वेशभूषा और बीते छह दशकों में तय किए गए विकास के मील के पत्थरों को प्रदर्शित करने वाले विभिन्न कार्यक्रमों की प्रस्तुतियां भी दी जाएंगी। स्थानीय विद्यालयों और महाविद्यालयों के मेधावी छात्र-छात्राएं इस सांस्कृतिक संध्या को अपनी कला के माध्यम से और अधिक यादगार बनाएंगे। प्रशासनिक अधिकारियों का मानना है कि इस तरह के आयोजनों से नई पीढ़ी को अपनी माटी के इतिहास और राज्य की विकास गाथा से जुड़ने का सुनहरा अवसर मिलता है।
| समारोह विवरण | मुख्य बिंदु |
|---|---|
| आयोजन स्थल | आर्य पीजी कॉलेज ऑडिटोरियम, पानीपत |
| दिनांक व समय | 1 नवंबर, प्रातः 9:00 बजे |
| मुख्य आकर्षण | कुरुक्षेत्र से राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का सीधा संदेश |
| अध्यक्षता व निर्देश | डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ (उपायुक्त, पानीपत) |
प्रशासनिक अमले ने कसी कमर, सभी विभागों को सौंपी गई जिम्मेदारियां
समारोह को ऐतिहासिक सफलता दिलाने के लिए जिला प्रशासन के तमाम आला अधिकारी पिछले कई दिनों से मैदान में डटे हुए हैं। शुक्रवार को जिला सचिवालय में हुई बैठक की अध्यक्षता करते हुए उपायुक्त डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ ने अधिकारियों को दो टूक निर्देश दिए कि सौंपे गए कार्यों में किसी भी स्तर पर कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने मंच सजावट से लेकर यातायात प्रबंधन तक हर एक पहलू की समीक्षा की और संबंधित विभागों के विभागाध्यक्षों को समय रहते सभी औपचारिकताएं पूरी करने के आदेश जारी किए।
बैठक में प्रशासनिक मोर्चे पर तालमेल बिठाने के लिए कई प्रमुख अधिकारी मौजूद रहे। अतिरिक्त उपायुक्त (ADC) अंकित चौकसे, एसडीएम मनदीप कुमार, सीटीएम टीनू पोसवाल, मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) डॉ. विजय मलिक और जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) नीलम कुंडू ने बैठक में हिस्सा लिया और अपने-अपने विभागों से जुड़ी तैयारियों का विस्तृत ब्योरा प्रस्तुत किया। शिक्षा विभाग को विशेष रूप से विद्यार्थियों की सहभागिता सुनिश्चित करने का जिम्मा सौंपा गया है, जबकि स्वास्थ्य विभाग को आपातकालीन चिकित्सा सहायता के लिए एंबुलेंस और मेडिकल टीम तैनात करने के निर्देश दिए गए हैं।
"हरियाणा के गठन के 60 वर्ष पूरे होना हम सभी के लिए गर्व का विषय है। एक नवंबर को आर्य कॉलेज में होने वाला यह हीरक जयंती समारोह हमारी विकास यात्रा और सांस्कृतिक समृद्धि का प्रतीक है। मैं समस्त पानीपत वासियों से आह्वान करता हूं कि वे सपरिवार इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बनें और प्रदेश के इस गौरवशाली उत्सव को और अधिक भव्य बनाएं।" - डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ, उपायुक्त, पानीपत
नागरिकों में उत्साह का माहौल, ऐतिहासिक क्षण का गवाह बनेगा पानीपत
हीरक जयंती को लेकर पानीपत के आम नागरिकों और युवाओं में भारी उत्साह देखने को मिल रहा है। सोशल मीडिया से लेकर स्थानीय बाजारों तक इस बात की चर्चा है कि कैसे हरियाणा ने पिछले 60 सालों में कृषि से लेकर उद्योग, खेल और शिक्षा के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं। पानीपत जैसे ऐतिहासिक शहर के लिए यह और भी महत्वपूर्ण है क्योंकि इस जिले ने अपनी औद्योगिक पहचान के साथ-साथ हमेशा से राज्य के सांस्कृतिक ताने-बाने को मजबूत रखने में अहम भूमिका निभाई है।
बुद्धिजीवियों और सामाजिक संगठनों ने भी जिला प्रशासन के इस पहल की सराहना की है। उनका मानना है कि इस प्रकार के आयोजन समाज के विभिन्न वर्गों को एक मंच पर लाने का काम करते हैं। जब देश की प्रथम नागरिक कुरुक्षेत्र की धरती से हरियाणा के विकास का संदेश देंगी और पानीपत के लोग उसे लाइव सुनेंगे, तो यह क्षण हरियाणवी अस्मिता के लिए एक अविस्मरणीय अध्याय बन जाएगा। सुरक्षा के पुख्ता इंतजामों के बीच पुलिस प्रशासन ने भी आयोजन स्थल के आसपास यातायात को सुचारू बनाए रखने के लिए विशेष रूट प्लान तैयार कर लिया है।
आगामी प्रशासनिक कदम और भव्यता की ओर बढ़ते कदम
समारोह की तिथि नजदीक आने के साथ ही आर्य कॉलेज परिसर में रिहर्सल और तैयारियों का दौर अंतिम चरण में पहुंच गया है। प्रशासनिक टीमों द्वारा लगातार स्थल का निरीक्षण किया जा रहा है ताकि किसी भी प्रकार की कमी को समय रहते दूर किया जा सके। जिला प्रशासन का यह सामूहिक प्रयास यह सुनिश्चित कर रहा है कि पानीपत में होने वाला यह हीरक जयंती समारोह राज्य भर के लिए एक मिसाल बने। एक नवंबर का यह दिन निश्चित तौर पर पानीपत के इतिहास में सुनहरे अक्षरों में दर्ज होने जा रहा है, जहां हर नागरिक प्रदेश की प्रगति का जश्न मनाता नजर आएगा।




