पानीपत के प्रतिष्ठित देशबंधु गुप्ता राजकीय कॉलेज परिसर में खेलकूद का रोमांच अपने चरम पर पहुंच गया है, जहां वीरवार को दो दिवसीय वार्षिक एथलेटिक मीट का भव्य शुभारंभ किया गया। इस दो दिवसीय खेल महाकुंभ के पहले दिन कॉलेज के मैदान पर विद्यार्थियों का भारी उत्साह देखने को मिला। छात्र-छात्राओं ने विभिन्न खेल स्पर्धाओं में बढ़-चढ़कर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और अपनी शारीरिक दक्षता, खेल भावना और अनुशासन का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। सुबह के सत्र में आयोजित उद्घाटन समारोह के दौरान पूरा परिसर खेल प्रेमियों की गूंज से सराबोर नजर आया, जहां युवा खिलाड़ियों की ऊर्जा ने हर किसी का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया।
प्रतियोगिता के पहले दिन ट्रैक और फील्ड इवेंट्स में कड़ा मुकाबला देखने को मिला। दौड़ प्रतियोगिताओं से लेकर थ्रो और जंप इवेंट्स तक, हर स्पर्धा में विद्यार्थियों ने पदक अपने नाम करने के लिए पूरा जोर लगा दिया। विशेष रूप से व्यक्तिगत स्पर्धाओं में कुछ खिलाड़ियों ने अपने असाधारण प्रदर्शन से सबको प्रभावित किया। कॉलेज के खेल मैदान पर चारों तरफ युवाओं की हौसला अफजाई के लिए सहपाठी और शिक्षक दीर्घा में मौजूद रहे। इस दौरान खेल आयोजकों ने सभी इवेंट्स को पूरी पारदर्शिता और सुचारू रूप से संपन्न कराया, जिससे खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का एक बेहतरीन मंच प्राप्त हुआ।
यतिन और तनीषा खर्ब का ट्रैक पर दबदबा, कई स्पर्धाओं में जीते स्वर्ण पदक
प्रतियोगिता के पहले दिन के परिणामों पर नजर डालें तो व्यक्तिगत प्रदर्शन के मामले में कुछ नाम सबसे आगे रहे। छात्र वर्ग में यतिन ने अपनी रफ्तार और सहनशक्ति का लोहा मनवाते हुए कई स्पर्धाओं में शीर्ष स्थान प्राप्त किया। उन्होंने 400 मीटर और 1500 मीटर की लंबी और मध्यम दूरी की दौड़ के साथ-साथ चक्का फेंक में भी बाजी मारी। वहीं, छात्रा वर्ग में तनीषा खर्ब का प्रदर्शन बेहद शानदार रहा। तनीषा ने 400 मीटर, 1500 मीटर दौड़ और ऊंची कूद में प्रथम स्थान हासिल करते हुए अपने प्रतिद्वंदियों को पीछे छोड़ दिया। उनके इस उम्दा प्रदर्शन ने कॉलेज के खेल इतिहास में एक नया मील का पत्थर स्थापित किया है, जिसकी चर्चा पूरे परिसर में हो रही है।
अन्य स्पर्धाओं की बात करें तो ऊंची कूद में रिहान ने बाजी मारी, जबकि गोला फेंक में अनुपम और भाला फेंक में शुभम ने प्रथम स्थान हासिल किया। इसी प्रकार छात्राओं के वर्ग में गोला फेंक और चक्का फेंक जैसी भारी वजन वाली प्रतियोगिताओं में चांदना और भावना ने बेहतरीन तकनीक का परिचय देते हुए पदक अपनी झोली में डाले। खेल शिक्षकों की देखरेख में आयोजित इन मुकाबलों में खिलाड़ियों का उत्साह देखते ही बनता था, जो आने वाले सत्रों के लिए उनकी फिटनेस और तैयारी को बयां करता है।
| स्पर्धा (Event) | प्रथम स्थान (1st) | द्वितीय स्थान (2nd) | तृतीय स्थान (3rd) |
|---|---|---|---|
| 400 मीटर दौड़ (छात्र) | यतिन | अतुल | शुभम |
| 1500 मीटर दौड़ (छात्र) | यतिन | अतुल | अतुल कुमार |
| 400 मीटर दौड़ (छात्राएं) | तनीषा खर्ब | खुशबू | चांदना |
| 1500 मीटर दौड़ (छात्राएं) | तनीषा खर्ब | चांदना | खुशबू |
| ऊंची कूद (छात्राएं) | तनीषा खर्ब | चांदना | खुशबू |
अतिथियों ने खिलाड़ियों की पीठ थपथपाई, हरियाणा की खेल संस्कृति को सराहा
इस गरिमामयी आयोजन में राजकीय कॉलेज मतलौडा के प्राचार्य डॉ. जरनैल सिंह ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। कॉलेज पहुंचने पर मेजबान प्राचार्य डॉ. सुभाष चंद्र जागलान ने पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। मुख्य अतिथि डॉ. जरनैल सिंह ने दीप प्रज्वलित कर और खिलाड़ियों की मार्च पास्ट की सलामी लेते हुए विधिवत रूप से एथलेटिक मीट का आगाज किया। अपने संबोधन में उन्होंने हरियाणा प्रदेश की खेल संस्कृति और यहां के खिलाड़ियों की वैश्विक स्तर पर बन रही मजबूत पहचान का विशेष रूप से उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश के युवाओं ने अपनी मेहनत और दृढ़ इच्छाशक्ति के बल पर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय फलक पर जो मुकाम हासिल किया है, वह देश के अन्य राज्यों के लिए प्रेरणास्रोत है।
प्राचार्य डॉ. सुभाष चंद्र जागलान ने भी इस अवसर पर कॉलेज के खेल इतिहास पर प्रकाश डालते हुए कहा कि शैक्षणिक गतिविधियों के साथ-साथ विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए खेलकूद बेहद आवश्यक हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से युवाओं में अनुशासन, भाईचारा और प्रतिस्पर्धा की स्वस्थ भावना विकसित होती है। इस सफल आयोजन को संपन्न कराने में डॉ. नरसिंह जांगड़ा, डॉ. नरेश ढांडा, सुनीता चांद, डॉ. सुमित्रा विज, सुधीर पुजारा और संदीप कुमार जैसे वरिष्ठ शिक्षकों और खेल कमिटी के सदस्यों की अहम भूमिका रही, जिन्होंने सुबह से लेकर शाम तक हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी।
"हरियाणा के युवाओं की रगों में खेल और पसीना बहाने की संस्कृति रची-बसी है। हमारे खिलाड़ियों ने अनुशासन और लगन के दम पर दुनिया भर में देश का सिर गर्व से ऊंचा किया है, और ऐसे कॉलेज स्तर के आयोजन भविष्य के चैंपियन तैयार करने की पहली सीढ़ी हैं।" - डॉ. जरनैल सिंह, मुख्य अतिथि एवं प्राचार्य, मतलौडा कॉलेज
युवाओं में खेलकूद के प्रति बढ़ा रुझान, आने वाले दिनों में और रोमांचक होंगे मुकाबले
पानीपत के इस प्रमुख शिक्षण संस्थान में हो रहे इस दो दिवसीय आयोजन का स्थानीय शैक्षणिक माहौल और विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य पर बहुत सकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है। लगातार पढ़ाई के तनाव से दूर इन दो दिनों में युवाओं को अपनी शारीरिक ऊर्जा को सही दिशा में लगाने का अनूठा अवसर मिला है। स्थानीय खेल प्रेमियों और अभिभावकों का मानना है कि इस प्रकार की प्रतियोगिताओं से जिले की युवा प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का खुला आसमान मिलता है। खेल शिक्षकों का कहना है कि यहां से उभरने वाले कई खिलाड़ी आने वाले समय में यूनिवर्सिटी और राज्य स्तर पर पानीपत का नाम रोशन करने की पूरी क्षमता रखते हैं।




