Connect with us

विशेष

हरियाणा में आज दोपहर बाद मानसून की बारिश का अनुमान.

Published

on

Advertisement

Advertisement

Advertisement

हरियाणा को आज झुलसाने वाली गर्मी से राहत मिल सकती है। ज्यादातर इलाके में आज दोपहर बाद बारिश हो सकती है। जींद हिसार और फतेहाबाद छोड़ पूरे प्रदेश में बारिश के अनुकूल परिस्थितियां बनी हैं। इन तीन जिलों में मानसून सोमवार को मेहरबान हो सकता है।

 

लोग चिंता न करें। इस समय मानसून (Haryana Monsoon update) की हवाएं बरसात होने के अनुकूल बनी हुई हैं। किसी भी समय प्रदेशभर में बरसात हो सकती है। लेकिन रविवार को जो बरसात की संभावना है उससे जींद, हिसार व फतेहाबाद अछूते रह सकते हैं। यह बात अलग है कि सोमवार को इन जगहों पर मानसून मेहरबान हो सकता है।

Advertisement

मॉनसून 2021: मॉनसून की रुकावट दूर होगी, सप्ताहांत तक दौड़ फिर से शुरू |  Skymet Weather Services

इस समय एक टर्फ रेखा पंजाब से उत्तर पश्चिम बंगाल की खाड़ी तक दक्षिण हरियाणा दक्षिण उत्तर प्रदेश झारखंड और उत्तरी ओडिशा तक फैली हुई है। उत्तर आंध्र और दक्षिण ओडिशा तट पर पश्चिम मध्य बंगाल की खाड़ी के ऊपर एक कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। जो बरसात होने की प्रबल संभावना को बता रहा है। हालांकि रविवार के मौसम पर गौर किया जाए तो सुबह से ही बादल छाने की घटनाएं हो रही हैं। मानसून में बादलों की गति बढ़ी है। मौसम विभाग ने उम्मीद जताई है कि दोपहर बाद क्षेत्र में बरसात हो सकती है।

Advertisement

हर साल जुलाई में झमाझम बरसात, इस साल लोग कर रहे इंतजार

पिछले 10 सालों में बरसात की स्थिति पर गौर किया जाए तो हर साल जुलाई के महीने में झमाझम बरसात हुई है। एक माह में बरसात का आंकड़ा 554 एमएम तक पहुंच चुका है। हालांकि इस साल जुलाई माह में एक बार ही बरसात हुई है। जो 35.2 एमएम दर्ज की गई है। अभी तेज बरसात का इंतजार है।

IMD prediction about monsoon weather forecast maximum temperature today  delhi noida chandigarh punjab haryana IMD Alert: उत्तर भारत में गर्मी का  प्रकोप जारी, मौसम विभाग ने बताया कब आएगा मानसून ...

पिछले 10 साल में जुलाई माह में होने वाली बरसात की स्थिति

वर्ष            बरसात एमएम में

2011        180.1

2012        34.9

2013        215.4

2014        66.0

2015        231.8

2016        202.8

2017        71.4

2018        554.2

2019        244.8

2020        437.6

2021        35.2

(नोट : ये आंकड़े मौसम विभाग की ओर से जारी किए गए हैं।)

Source Jagran

Advertisement

Advertisement

Continue Reading
Advertisement
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *