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Oxygen crisis: कैप के बावजूद दोगुना हुई ऑक्सिजन कंसंटेटर, ऑक्सिमीटर और नेबुलाइजर की कीमतें

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Oxygen crisis: कैप के बावजूद दोगुना हुई ऑक्सिजन कंसंटेटर, ऑक्सिमीटर और नेबुलाइजर की कीमतें

 

देश में कोरोना के बढ़ते मामलों के बीच पिछले 10 दिन में ऑक्सिजन कंसंटेटर (oxygen concentrators), ऑक्सिमीटर (oximeters) और नेबुलाइजर (nebulisers) की कीमतों में 50 से 100 फीसदी तेजी आई है। मांग की तुलना में सप्लाई कम होने के कारण इन चीजों की कीमत में उछाल आई है। ई-कॉमर्स कंपनी ऐमजॉन (Amazon) का कहना है कि उसने ऐसे वेंडर्स को हटाना शुरू कर दिया है जो एमआरपी से अधिक कीमत पर इन चीजों को बेच रहे हैं। ऑर्गेनाइज्ड मेडिकल डेवाइसेज इंडस्ट्री, कानूनी जानकारों और कंज्यूमर्स ने इन चीजों पर मूल्य नियंत्रण लागू करने की मांग की है।

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हवा से ऑक्सिजन जेनरेट करने वाले ऑक्सिजन कंसंटेटर की कीमत पिछले एक हफ्ते में दोगुनी हो गई है जबकि ऑक्सिमीटर की कीमत में 1000 से 2000 रुपये तक का इजाफा हुआ है। ऑफलाइन और ऑनलाइन दोनों जगहों पर इनकी कीमत में तेजी आई है। ऐमजॉन और फ्लिपकार्ट जैसे ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स पर भी इनकी कीमतें बढ़ी हैं। सरकार ने पिछले साल इन चीजों की कीमत निर्धारित कर दी थी लेकिन कुछ सेलर्स, कंपनियां और आयातक इसका पालन नहीं कर रहे हैं। ऐमजॉन इंडिया के एक प्रवक्ता ने कहा कि कीमतों में बढ़ोतरी को रोकने के लिए कंपनी तत्काल कदम उठा रही है।

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ऐमजॉन ने क्या कहा

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प्रवक्ता ने कहा, ‘हमें इस बात का दुख है कि कुछ सेलर्स महामारी के इस दौर में कुछ प्रॉडक्ट्स को एमआरपी से अधिक कीमत पर बेचने की कोशिश कर रहे हैं। ऐमजॉन में इस तरह की हरकतों के लिए कोई जगह नहीं है। हम लगातार अपने मार्केटप्लेस को मॉनीटर कर रहे हैं और ऐसे सेलर्स को लिस्टिंग से हटा रहे हैं जो एमआरपी से अधिक कीमत पर सामान बेच रहे हैं। यह भारतीय कानूनों के खिलाफ है।’ इस बारे में फ्लिपकार्ट ने उसे भेजे गए ईमेल का कोई जवाब नहीं दिया।

ऐसे उपभोक्ताओं के सैकड़ों ट्वीट वायरल हुए हैं जिन्हें ऑक्सिजन कंसंटेटर खरीदने के लिए 1 लाख रुपये से अधिक राशि चुकानी पड़ी है। अमूमन यह 45,000 रुपये में मिल जाता है। इस डेवाइस का मासिक किराया भी 5000 रुपये से बढ़कर 10 हजार से 20 हजार रुपये हो गया है। Association of Indian Medical Device Industry के फोरम को-ऑर्डिनेटर राजीव नाथ ने कहा कि ट्रेडर्स और इंपोटर्स ने केवल एक हफ्ते में ही कोविड में काम आने वाले मेडिकल प्रॉडक्ट्स की कीमत दो से चार गुना बढ़ा दी है। इसमें ऐमजॉन और फ्लिपकार्ट पर सामान बेचने वाले सेलर्स भी शामिल हैं।

महामारी के दौर में मुनाफा

ऑक्सिजन कंसंटेटर बेचने वाली कंपनी बीपीएल मेडिकल के चीफ एग्जीक्यूटिव सुनील खुराना ने कहा कि कंपनी ने अपने वितरकों और डीलरों को निर्धारित कीमत पर इसकी बिक्री करने को कहा है। कानूनी जानकारों का कहना है कि मौजूदा गाइडलाइंस को तुरंत लागू किया जाना चाहिए। लीगल फर्म प्रीति सूरी एंड एसोसिएट्स में पार्टनर वरुण कलसी ने कहा कि जमीनी स्तर पर इसे लागू करने में समस्या है। कीमतों पर कैप को हर हाल में लागू किया जाना चाहिए। लेकिन कुछ स्टॉकिस्ट्स और सेलर्स ऐसे हालात में मुनाफा कमाने में लगे हैं।

 

 

Source : NavBharat

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