Connect with us

पानीपत

सर्दी की तरह पानीपत का बाजार भी ठंडा, किसान आंदोलन का भी असर पड़ रहा

Published

on

Advertisement

सर्दी की तरह पानीपत का बाजार भी ठंडा, किसान आंदोलन का भी असर पड़ रहा

 

लग्न की ग्राहकी निबटने के बाद साड़ी, लहंगा, लाचा में अब कारोबार ठंडा पड़ गया है। व्यापारियों का कहना है कि जनवरी से मार्च के बीच लग्न नहीं होने से आगे भी ग्राहकी कमजोर बनी रहने की आशंका है।विंटर के लग्न का सीजन समाप्त हो चुका है। इसके साथ ही लग्न की ग्राहकी भी निबट चुकी है जिससे अब साड़ियों का कारोबार ठंड पड़ गया है। व्यापारियों का कहना है कि इस बार किसान आंदोलन की वजह से ग्राहकी समय से पहले ही सिमट गई। कम समारोह हुए।

Advertisement

सर्दी की तरह पानीपत का बाजार भी ठंडा, किसान आंदोलन का भी असर पड़ रहा

यहां है ज्‍यादा कारोबार

Advertisement

पानीपत में साड़ी, लहंगा लाचा का मुख्य कारोबार पालिका बाजार, चौड़़ा बाजार, इंसार बाजार में है। इन दिनों दुकानदार खाली बैठने पर मजबूर है। कारोबारियों ने बताया कि सीजन के दौरान ज्यादातर सस्ती एवं मध्यम रेंज ही चली। इस बार साड़ियों में बनारसी सिल्क टाइप साड़ियों की ज्यादा मांग रही। सीजन के दौरान सूरत की साड़ियों में प्रिंट एंव डाइट पर जरी वर्क की मांग ज्यादा है। लहंगा, लांचा की सस्ती रेंज ज्यादा बिकी।

 

Advertisement

तीन महीने रह सकता है मंदा

वर्तमान सीजन के लिए तैयारी भी नहीं थी। जिससे कारोबार का वोल्यूम भी कम रहा। साड़ियों में 500 से 2500 की रेंज तथा लहंगा की 2000-8000 रुपये की रेंज में ज्यादा बिक्री हुई। लांचा 800-2000 रुपये की रेंज में बिका। व्यापारियों ने बताया कि तीन माह तक कारोबार मंदा रहेगा। ड्रेस मेटीरियल का समर सीजन को लेकर व्यापारी तैयारी में जुटे हैं। सर्दी अधिक होने से गर्म कपड़ों की मांग इस बार अच्छी रही।

 

 

Source : Jagran

Advertisement

Continue Reading
Advertisement
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *