Connect with us

City

पानीपत बन रहा है हथियार तस्करी का ठिकाना, बढ़ते गैंगवार के मामले

Published

on

Advertisement

पानीपत बन रहा है हथियार तस्करी का ठिकाना, बढ़ते गैंगवार के मामले

 

पानीपत और आसपास क्षेत्र में अवैध हथियार तस्करी का धंधा खूब फल-फूल रहा है। यह क्षेत्र तस्करों के लिए भी मुफीद ठिकाना बना हुआ। तस्कर पानीपत, सोनीपत, जींद, रोहतक और झज्जर में अवैध पिस्तौल के तस्करी करते हैं। पुलिस एक गैंग को पकड़ती है तो दूसरी गैंग के तस्कर अवैध हथियारों की खेप ले आते हैं। कई तस्करों ने तो पानीपत व इसके आसपास क्षेत्र में ठिकाना भी बना रखा है। तस्कर बाहरी कालोनियों में कमरे लेकर रहते हैं। पुलिस की कार्रवाई सुस्त होते ही तस्कर सक्रिय हो जाते हैं। पुलिस अवैध हथियारों के तस्करों और खरीदने वाले 106 आरोपितों को गिरफ्तार कर चुकी है।

Advertisement

मध्यप्रदेश और राजस्थान के तस्करों का है बोलबाला

Advertisement

जिले में अवैध हथियारों की तस्करी करने वाले मध्य प्रदेश और राजस्थान के गिरोह सक्रिय हैं। नवंबर में क्राइम इनवेस्टिगेशन एजेंसी (सीआइए-थ्री) ने अंतरराज्यीय अवैध हथियार तस्कर गिरोह का पर्दाफाश कर चार तस्करों को गिरफ्तार किया था। इसमें  उत्तर प्रदेश के जिला सहारनपुर के गांव बुढ़ाखेड़ा गांव के महफूज उर्फ फौजी हाल पता बलजीत नगर भी शामिल है। महफूज पहले टैक्सी चलाता था। लाकडाउन में काम मंद होने पर अवैध हथियारों की तस्करी करने लगा। तस्करों के कब्जे से 35 देसी पिस्तौल और 45 मैगजीन बरामद की गई। हथियारों को 18 लाख रुपये में बेचा जाना था।

राजस्थान का वांटेड कर रहा था हथियारों की तस्करी

Advertisement

राजस्थान के जिला भरतपुर के नंगला गांव का पुखराज उर्फ राजू ने गांव में एक व्यक्ति की गोली मारकर हत्या का प्रयास किया। उसके खिलाफ हत्या के प्रयास का मामला दर्ज हैं और वह वांटेड है। सीआइए-टू टीम ने पुखराज को 12 पिस्तौल सहित गिरफ्तार किया। राजू पहले भी पानीपत, बागपत, शामली और सोनीपत सहित कई जिलों में 40 अवैध पिस्तौल बेच चुका था। एक पिस्तौल 45 हजार रुपये में बेच दिए थे। इस गिरोह के सरगना सहित आठ बदमाशों की तलाश कर रही है।

Advertisement