पानीपत लाइव ब्यूरो
हरियाणा की मनोहर सरकार ने त्योहारी सीजन को देखते हुए प्रदेशभर के चतुर्थ श्रेणी (ग्रुप डी) कर्मचारियों के लिए एक बड़ा और राहत भरा ऐलान किया है। इस घोषणा का सीधा असर पानीपत जिले के विभिन्न सरकारी विभागों, स्थानीय निकायों, बोर्ड-निगमों और स्वायत्त संस्थानों में अपनी सेवाएं दे रहे हजारों नियमित, स्थायी और अस्थायी ग्रुप डी कर्मचारियों पर पड़ेगा। दीपावली के पावन पर्व को ध्यान में रखते हुए सरकार ने इन कर्मचारियों को 15,000 रुपये की अग्रिम (एडवांस) राशि बिना किसी ब्याज के देने का निर्णय लिया है। पानीपत लाइव की ग्राउंड रिपोर्ट के अनुसार, इस घोषणा के बाद से जिला मुख्यालय और लघु सचिवालय में तैनात कर्मचारियों में खुशी का माहौल है।
पानीपत में कर्मचारियों के लिए क्या हैं नियम और शर्तें
जिला पानीपत के प्रशासनिक अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, इस योजना का लाभ उठाने के लिए कर्मचारियों को कुछ जरूरी नियमों का पालन करना होगा। सबसे मुख्य शर्त यह है कि इस 15,000 रुपये की अग्रिम राशि पर सरकार द्वारा कोई ब्याज नहीं वसूला जाएगा। हालांकि, इस योजना का लाभ केवल उन्हीं कर्मचारियों को मिलेगा जिनकी सेवाएं अगले 10 महीनों तक निरंतर जारी रहने की पूरी संभावना है।
आवेदन प्रक्रिया के तहत, कर्मचारियों को अपने संबंधित विभाग के आहरण एवं वितरण अधिकारी यानी DDO के पास आवेदन करना होगा। यदि कोई अस्थायी कर्मचारी इस योजना का लाभ उठाना चाहता है, तो उसे किसी स्थायी राज्य सरकारी कर्मचारी की जमानत देनी अनिवार्य होगी। इसके अलावा, इस राशि की अदायगी कर्मचारियों को अगले दस महीनों में समान मासिक किस्तों (EMI) के रूप में वापस लौटानी होगी।
| योजना की विशेषता | विवरण |
|---|---|
| लाभार्थी | ग्रुप डी नियमित एवं अस्थायी कर्मचारी |
| अग्रिम राशि | 15,000 रुपये (ब्याज मुक्त) |
| भुगतान अवधि | 10 आसान किस्तें |
| अंतिम तिथि | 24 अक्टूबर 2026 |
| स्वीकृति अधिकारी | संबंधित विभाग के DDO |
पानीपत के आम जनजीवन और बाजारों पर प्रभाव
पानीपत, जो कि देश का एक प्रमुख टेक्सटाइल और व्यापारिक हब है, यहाँ त्योहारों के सीजन में बाजारों में रौनक हमेशा से देखने को मिलती है। जब सरकार द्वारा कर्मचारियों के हाथों में अतिरिक्त नकदी (Cash Flow) पहुंचाई जाती है, तो उसका सीधा सकारात्मक प्रभाव स्थानीय बाजारों पर पड़ता है। पानीपत के मुख्य बाजार जैसे सनौली रोड, देवी मंदिर मार्केट, जाटल रोड और अंसल प्लाजा के दुकानदारों का मानना है कि ग्रुप डी कर्मचारियों के पास एडवांस आने से दिवाली की खरीदारी में जबरदस्त तेजी आएगी। दीवाली के मौके पर कपड़े, बर्तन, मिठाई और इलेक्ट्रॉनिक्स सामान की बिक्री में बंपर उछाल आने की उम्मीद है, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
किन कर्मचारियों को नहीं मिलेगा इस योजना का लाभ?
प्रशासनिक निर्देशों के अनुसार, इस योजना को लेकर कुछ सख्त गाइडलाइंस भी जारी की गई हैं। यदि किसी परिवार में पति और पत्नी दोनों ही ग्रुप डी पद पर कार्यरत हैं, तो इस योजना का लाभ उनमें से केवल एक को ही मिलेगा। इसके अलावा, कार्यभारित (Workcharged), आकस्मिक वेतनभोगी, दैनिक वेतनभोगी (Daily Wagers) और संविदा (Contractual) कर्मचारियों को इस दिवाली एडवांस का लाभ नहीं दिया जाएगा। प्रतिनियुक्ति पर अन्य विभागों या स्थानीय निकायों में कार्यरत चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी भी इसके दायरे से बाहर रहेंगे।
साथ ही, जिन कर्मचारियों के खिलाफ हरियाणा सिविल सेवा (दंड एवं अपील) नियम, 2016 के नियम-7 के तहत कोई अनुशासनात्मक कार्रवाई या जांच लंबित है, उनके आवेदन विभाग द्वारा स्वीकार नहीं किए जाएंगे। यदि कोई कर्मचारी इस 15,000 रुपये की राशि का दुरुपयोग करता है, तो उस पर 10 प्रतिशत की दर से दंडात्मक ब्याज लगाया जाएगा। पानीपत लाइव ब्यूरो सभी स्थानीय कर्मचारियों से अपील करता है कि वे समय रहते (24 अक्टूबर 2026 से पहले) अपने DDO के माध्यम से आवेदन प्रक्रिया पूरी करें और इस वित्तीय लाभ का सही उपयोग करें।




