हरियाणा सरकार के राज्य कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए 3 नवंबर का दिन बेहद महत्वपूर्ण साबित होने जा रहा है। चंडीगढ़ स्थित हरियाणा सिविल सचिवालय में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में राज्य मंत्रिपरिषद की एक अत्यंत महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जा रही है। रविवार सुबह 11:00 बजे शुरू होने वाली इस बैठक में प्रदेश के लाखों कर्मचारियों के महंगाई भत्ते (DA) तथा पेंशनभोगियों की महंगाई राहत (DR) में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी करने के प्रस्ताव पर मुहर लग सकती है।
हाल ही में केंद्र सरकार द्वारा अपने कर्मचारियों के लिए 3 फीसदी डीए बढ़ोतरी की घोषणा की गई थी, जिसके बाद पड़ोसी राज्यों राजस्थान और पंजाब ने भी अपने-अपने प्रदेशों में कर्मचारियों के लिए डीए बढ़ाने के आदेश जारी किए। इसके बाद से ही हरियाणा के प्रशासनिक हलकों और कर्मचारी संगठनों में भी डीए बढ़ाने की मांग जोर पकड़ रही थी। चंडीगढ़ में होने जा रही इस शीर्ष बैठक पर पूरे प्रदेश के सरकारी महकमों की निगाहें टिकी हुई हैं।
कैबिनेट बैठक का पूरा एजेंडा और सिलसिलेवार विवरण
हरियाणा सिविल सचिवालय के मुख्य मीटिंग हॉल में आयोजित होने वाली इस बैठक में प्रदेश सरकार के सभी कैबिनेट मंत्री, राज्य मंत्री, मुख्य सचिव तथा प्रशासनिक विभागों के वरिष्ठतम अधिकारी हिस्सा लेंगे। राज्य सरकार के मुख्य सचिव कार्यालय द्वारा मुख्यमंत्री, राज्यपाल, सभी मंत्रियों और संबंधित प्रशासनिक सचिवों को बैठक का आधिकारिक एजेंडा और नोटिस पहले ही प्रेषित किया जा चुका है।
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, इस बैठक में केवल कर्मचारियों के महंगाई भत्ते तक ही चर्चा सीमित नहीं रहेगी। सरकार राज्य के प्रशासनिक तालमेल को बेहतर करने, कई विकास परियोजनाओं की समीक्षा करने और जनहित से जुड़ी विभिन्न लंबित नीतियों को स्वीकृति प्रदान करने पर भी विचार-विमर्श करेगी। इसके अलावा आगामी शीतकालीन सत्र और विभिन्न विभागों के बजट आवंटन पर भी चर्चा होने की संभावना है।
| महत्वपूर्ण बिंदु | वर्तमान स्थिति | संभावित फैसला | प्रभावित वर्ग |
|---|---|---|---|
| महंगाई भत्ता (DA Hike) | वर्तमान दर लागू | 3% की बढ़ोतरी संभव | राज्य कर्मचारी व पेंशनभोगी |
| बैठक की तिथि व समय | 3 नवंबर 2026, सुबह 11:00 बजे | सचिवालय, चंडीगढ़ | समस्त मंत्रिपरिषद व सचिव |
| बैठक की अध्यक्षता | नायब सिंह सैनी | मुख्यमंत्री, हरियाणा | कैबिनेट व राज्य मंत्री |
| अनुमानित लाभार्थी | प्रदेशभर में फैले कर्मचारी | लगभग 6 लाख परिवार | तृतीय व चतुर्थ श्रेणी सहित सभी कर्मी |
प्रशासनिक तैयारियाँ और वित्त विभाग का आकलन
हरियाणा वित्त विभाग ने महंगाई भत्ते में 3 प्रतिशत की वृद्धि से राज्य के खजाने पर आने वाले संभावित वित्तीय भार का पूरा ब्योरा तैयार कर लिया है। यदि मंत्रिपरिषद इस संशोधन प्रस्ताव को अपनी हरी झंडी दे देती है, तो इससे प्रदेश के लगभग 3 लाख 50 हजार नियमित सरकारी कर्मियों और लगभग 2 लाख 50 हजार पेंशनभोगियों के मासिक वेतन व पेंशन में सम्मानजनक बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी।
बैठक की महत्ता को देखते हुए चंडीगढ़ सचिवालय में सुरक्षा और व्यवस्था चाक-चौबंद कर दी गई है। सभी संबंधित विभागों के विभागाध्यक्षों को आवश्यक दस्तावेजों और विभागीय रिपोर्टों के साथ उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं ताकि मुख्यमंत्री किसी भी नीतिगत मुद्दे पर तत्काल फैसला ले सकें।
"राज्य सरकार अपने कर्मचारियों के कल्याण और उनके अधिकारों के प्रति पूरी तरह संवेदनशील है। चंडीगढ़ में आयोजित कैबिनेट बैठक में जनहित और कर्मचारी हित से जुड़े तमाम महत्वपूर्ण विषयों पर सर्वसम्मति से निर्णय लिया जाएगा।" - प्रशासनिक सूत्र, हरियाणा सिविल सचिवालय
स्थानीय जनजीवन और कर्मचारियों पर आर्थिक प्रभाव
त्यौहारी सीजन के ठीक बाद और बढ़ती महंगाई के इस दौर में सरकार का यह संभावित फैसला प्रदेश के सरकारी कर्मचारियों के लिए बहुत राहत देने वाला माना जा रहा है। संशोधित डीए लागू होने से कर्मचारियों की टेक-होम सैलरी में इजाफा होगा, जिससे बाजार में तरलता (लिक्विडिटी) बढ़ेगी और स्थानीय व्यापार को भी गति मिलेगी।
पानीपत जिले के विभिन्न राजकीय विभागों, जैसे सिंचाई विभाग, लोक निर्माण विभाग (PWD), बिजली निगम (UHBVN), शिक्षा विभाग और जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग में तैनात हजारों कर्मचारियों के बीच इस बैठक को लेकर काफी उत्सुकता देखी जा रही है। कर्मचारी प्रतिनिधियों का कहना है कि केंद्र के समान डीए मिलने से उनका आर्थिक बोझ कम होगा।
आगे की प्रशासनिक प्रक्रिया और आधिकारिक घोषणा
चंडीगढ़ में सुबह 11:00 बजे शुरू होने वाली मंत्रिपरिषद की इस बैठक के संपन्न होने के उपरांत, सरकार के मुख्य प्रवक्ता या वित्त मंत्री द्वारा प्रेस ब्रीफिंग के माध्यम से लिए गए महत्वपूर्ण फैसलों की आधिकारिक जानकारी साझा की जाएगी। कैबिनेट की स्वीकृति मिलते ही वित्त विभाग द्वारा डीए बढ़ोतरी की अधिसूचना जारी कर दी जाएगी, जिसके बाद नई दरें लागू करने की प्रक्रिया शुरू होगी।




