पानीपत जिला परिषद कार्यालय में सोमवार को एक विशेष दिवाली मिलन समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। इस स्नेह मिलन कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य दीपावली के पावन पर्व पर आपसी सौहार्द को बढ़ावा देना और पर्यावरण संरक्षण के प्रति एक मजबूत संदेश देना था। इस दौरान जिला परिषद के सभी पार्षदों और प्रशासनिक अमले ने एक-दूसरे को दीपावली की अग्रिम शुभकामनाएं दीं और क्षेत्र के विकास कार्यों को लेकर सकारात्मक चर्चा की। कार्यक्रम की गरिमा ने उपस्थित सभी लोगों में एक नई ऊर्जा का संचार किया।
इस गरिमामयी आयोजन की अध्यक्षता जिला परिषद की चेयरपर्सन ज्योति शर्मा द्वारा की गई, जबकि मुख्य रूप से जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) डॉ. किरण ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। समारोह की शुरुआत पारंपरिक दीप प्रज्वलन और एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर की गई। इस दौरान उपस्थित सभी गणमान्य लोगों ने इस बात पर विशेष बल दिया कि त्योहारों की खुशियां पर्यावरण को नुकसान पहुंचाए बिना भी मनाई जा सकती हैं। कार्यक्रम में पहुंचे सभी लोगों ने इस बात की शपथ ली कि वे इस बार की दीपावली को पूरी तरह से हरित और सुरक्षित बनाएंगे।
सांस्कृतिक सौहार्द और ग्रामीण विकास की प्रतिबद्धता
समारोह के दौरान अपने संबोधन में चेयरपर्सन ज्योति शर्मा ने कहा कि दीपावली का यह महापर्व अंधकार से प्रकाश की ओर और असत्य पर सत्य की विजय का शाश्वत संदेश देता है। उन्होंने कहा कि जिला परिषद का पूरा परिवार एकजुट होकर पानीपत जिले के ग्रामीण इलाकों में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए निरंतर कार्य कर रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि सभी पार्षदों के सहयोग से गांवों में रुके हुए विकास कार्यों को तेजी से पूरा किया जाएगा और जनहित की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाया जाएगा।
सीईओ डॉ. किरण ने भी इस अवसर पर कर्मचारियों और पार्षदों को संबोधित करते हुए प्रशासनिक पारदर्शिता और समयबद्ध तरीके से जनसमस्याओं के समाधान की बात कही। उन्होंने कहा कि त्योहारों का यह सीजन हमें एक नए उत्साह के साथ जनसेवा करने की प्रेरणा देता है। अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के बीच इस प्रकार के मेल-मिलाप से आपसी समन्वय बेहतर होता है, जिसका सीधा सकारात्मक प्रभाव धरातल पर चल रहे विकास कार्यों पर पड़ता है।
| विवरण | तथ्य / जानकारी |
|---|---|
| आयोजन स्थल | जिला परिषद कार्यालय, पानीपत |
| अध्यक्षता | ज्योति शर्मा (चेयरपर्सन, जिला परिषद) |
| विशेष उपस्थिति | डॉ. किरण (सीईओ, जिला परिषद) |
| मुख्य संकल्प | प्रदूषण मुक्त और हरित दीपावली मनाना |
| प्रमुख अपील | मिट्टी के दीये जलाना और स्वच्छता रखना |
पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छता पर विशेष जोर
कार्यक्रम के दौरान पर्यावरण संरक्षण का मुद्दा सबसे अहम रहा। चेयरपर्सन ज्योति शर्मा ने पानीपत के नागरिकों से अपील की कि वे इस बार चीनी सामान के बजाय पूरी तरह से स्थानीय स्तर पर बने पारंपरिक मिट्टी के दीयों का इस्तेमाल करें। उन्होंने कहा कि इससे न केवल पर्यावरण सुरक्षित रहेगा, बल्कि हमारे स्थानीय कुम्हारों और दस्तकारों को भी आर्थिक संबल मिलेगा। इसके अलावा, आतिशबाजी से होने वाले वायु और ध्वनि प्रदूषण से बचने का भी आह्वान किया गया।
स्वच्छता अभियान को आगे बढ़ाते हुए पार्षदों ने अपने-अपने क्षेत्रों में दीवाली के दौरान साफ-सफाई बनाए रखने की जिम्मेदारी लेने की बात कही। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार हम अपने घरों को साफ-सुथरा रखते हैं, उसी प्रकार अपने आसपास के सार्वजनिक स्थानों, गलियों और बाजारों को भी स्वच्छ रखना हमारा सामूहिक कर्तव्य है। इस पहल की स्थानीय स्तर पर काफी सराहना की जा रही है और इसे एक सकारात्मक बदलाव के रूप में देखा जा रहा है।
"दीपावली केवल दीप जलाने का पर्व नहीं है, बल्कि यह हमारे जीवन से अज्ञानता के अंधकार को मिटाकर समाज में प्रेम और विकास का प्रकाश फैलाने का अवसर है। जिला परिषद परिवार ग्रामीण अंचल के चहुंमुखी विकास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।" - ज्योति शर्मा, चेयरपर्सन, जिला परिषद पानीपत
प्रशासनिक समन्वय और आगामी कार्ययोजना
समारोह के अंतिम चरण में सभी पार्षदों ने अपने-अपने वार्डों की विकास योजनाओं को लेकर सीईओ डॉ. किरण के साथ मंत्रणा की। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि सर्दियों के सीजन को ध्यान में रखते हुए ग्रामीण क्षेत्रों में लंबित सड़क, पेयजल और साफ-सफाई से जुड़े कार्यों में तेजी लाई जाएगी। इस प्रकार के आयोजनों से प्रशासनिक अमले और जनप्रतिनिधियों के बीच की दूरियां कम होती हैं और जनता के काम अधिक पारदर्शिता के साथ समय पर पूरे होते हैं। पानीपत लाइव ब्यूरो की यह ग्राउंड रिपोर्ट दर्शाती है कि प्रशासनिक और राजनीतिक नेतृत्व मिलकर जिले के विकास के प्रति गंभीर रुख अपना रहा है।




